– महिला उत्पीड़न विशेष न्यायालय का फैसला
गीता कुमारी की रिपोर्ट
महिला से दुष्कर्म की कोशिश करने वाले इलेक्ट्रिकल इंजीनीयर मोहम्मद निसाब को 10 साल की सश्रम कारावास की सजा मिली है. अपर सत्र न्यायाधीश चतुर्थ (महिला उत्पीड़न विशेष न्यायालय) योगेश कुमार सिंह की कोर्ट ने गुरुवार को सजा सुनायी. साथ ही 16 हजार रुपए का जुर्माना लगाया. जुर्माना नही देने पर आठ माह का अतिरिक्त कारावास होगा. सरकार की ओर से कोर्ट में अभियोजन का पक्ष रखने वाले विशेष लोक अभियोजक आरके राय ने इस संबंध में जानकारी दी. अभियोजक आरके राय ने बताया : घटना माराफारी थाना क्षेत्र के आजादनगर हजारीबाग मोहल्ला में 29 जून 2018 की है. दोपहर के वक्त 32 वर्षीय पीड़ित महिला घर के अंदर सोई थी. इस बीच दोषी इंजीनियर घर में घुस आया. महिला के साथ जबरन दुष्कर्म का प्रयास करने लगा. महिला की चीख सुनकर आसपास व घर के दूसरे कमरों में मौजूद लोग घटनास्थल की ओर दौड़े. लोगो को आता देख इंजीनियर भागने लगा. जिसे पकड़ कर धुनाई के बाद पुलिस के हवाले कर दिया. पुलिस ने पीड़ित महिला के शिकायत पर नामजद इंजीनियर के खिलाफ दुष्कर्म के प्रयास का प्राथमिकी दर्ज किया. अनुसंधान पूरा कर विशेष अदालत के समक्ष
चार्जशीट प्रस्तुत किया. अंतिम सुनवाई के दौरान दोनों पक्षों की दलील सुनने के बाद कोर्ट ने आरोपी को दोषी ठहराते हुए सजा सुनायी गयी.