धनबाद लोकसभा से चुनाव लड़ेंगे सरयू राय?
भारतीय जनतंत्र मोरचा के कार्यकर्ता सम्मेलन में आया प्रस्ताव
हाल के दिनों में धनबाद में काफी सक्रिय रहे हैं सरयू राय
बोकारो : झारखंड का धनबाद लोकसभा क्षेत्र आम चुनाव-2024 में प्रदेश का सबसे हॉट सीट बनने जा रहा है. कारण है धनबाद से पूर्वी जमशेदपुर के निर्दलीय विधायक सरयू राय चुनाव लड़ सकते हैं. सही पढ़ा आपने सरयू राय धनबाद लोकसभा से चुनाव लड़ सकते हैं. वहीं सरयू राय जिन्होने निर्दलीय उम्मीदवार रहकर झारखंड के मुख्यमंत्री रघुवर दास को चुनाव में पटखनी दी थी. रविवार यानी 10 मार्च को जमशेदपुर में भारतीय जनतंत्र मोरचा का प्रदेश स्तरीय कार्यकर्ता सम्मेलन हुआ. सम्मेलन का उदेश्य लोकसभा चुनाव में पार्टी की रणनीति पर चर्चा की गयी. इसी दौरान पार्टी कार्यकर्ताओं ने सरयू राय को लोकसभा चुनाव लड़ने की मांग की.
जमशेदपुर इकाई कमिटी ने सुबोध श्रीवास्तव के नेतृत्व में सरयू राय को जमशेदपुर सीट से उम्मीदवार बनने की बात कही. वहीं बोकारो जिलाध्यक्ष पंकज राय व धनबाद जिलाध्यक्ष ने सरयू राय के धनबाद लोकसभा सीट से चुनाव लड़ने का प्रस्ताव रखा. धनबाद या जमशेदपुर में से एक सीट का चयन या फिर चुनावी मैदान में आगामी रणनीति को लेकर पार्टी की ओर से कमिटी बनायी गयी. कमिटी में भारतीय जनतंत्र मोरचा के केंद्रीय उपाध्यक्ष पीएन सिंह, केंद्रीय महासचिव आशीष शीतल मुंडा व रामनारायण शर्मा को जगह दी गयी है. कमिटी एक सप्ताह के अंदर सीट को लेकर निर्णय लेगी.
धनबाद को मिल सकती है वरीयता
सरयू राय के लिए धनबाद सुरक्षित मानी जा रही है. कारण यह कि दामोदर बचाओ अभियान के जरिये पिछले दो दशक से धनबाद में सक्रिय रहे हैं. धनबाद लोकसभा के अंतर्गत आने वाले सभी विधानसभा क्षेत्र में दामोदर बचाओ अभियान की कमिटी है. 2022 से लगातार सरयू राय धनबाद का दौरा करते रहे हैं. पिछले कुछ समय से इस बात की चर्चा भी होती रही है कि सरयू राय धनबाद लोकसभा से मैदान में उतर सकते हैं. इसके अलावा धनबाद का जातिगत समीकरण भी सरयू राय के लिए मददगार साबित हो सकता है. धनबाद को राजपूत बहूल क्षेत्र माना जाता है. मौजूदा सांसद पशुपतिनाथ सिंह भी राजपूत बिरादरी से ही आते हैं. भाजपा खेमे में इस बात की चर्चा जोरों पर है कि इस बार पार्टी ओबीसी चेहरा पर दांव आजमां सकती है, इसी कारण धनबाद लोकसभा से उम्मीदवार घोषणा को होल्ड पर रखा गया है. अगर भाजपा ऐसा करती है तो सरयू राय राजपूत बिरादरी को लेकर चुनावी मैदान में ताल ठोक सकते हैं.
कई दल का मिल सकता है गुप्त समर्थन
सरयू राय को चुनावी इंजीनीयर माना जाता है. 2019 के विधानसभा चुनाव में सरयू राय ने जिस तरह से तत्कालीन मुख्यमंत्री रघुवर दास को उनके घर में ही पटखनी दी थी, इसके बाद उन्हें कोई भी हल्के में नहीं ले सकता. उस चुनाव में सरयू राय के समर्थन में कई राजनीतिक दल ने लीक से हटकर मदद की थी. कई बड़े चेहरों ने उनके लिए जनसंपर्क किया था. झामुमो ने खुलकर समर्थन किया था. ऐसे में यह भी माना जा रहा है कि सरयू राय के धनबाद लोकसभा से चुनावी मैदान में उतरने के बाद कई छोटे-छोटे दल का समर्थन उन्हें मिल सकता है. पिछले दिनों जिस तरह दामोदर प्रदूषण मामले को लेकर सरयू राय ने लाल झंडा के बैनर तले चल रहे आंदोलन को समर्थन दिया था, इसकी चर्चा खुब हुई थी.

